आज फिर ख्वाब में आना तुम... (Aaj fir Khwab me ana tum...)

 मुझे अपनी याद दिलाना तुम,

आज फिर ख्वाब में आना तुम...

 

मैं सोने लगूं,

तो न नींद से मुझे जगाना तुम,

आज फिर ख्वाब में आना तुम...

 

क्या-क्या किया दिनभर,

साथ बैठकर मुझे बताना तुम,

आज फिर ख्वाब में आना तुम...

 

सपने में भी हो जाऊं नाराज,

तो प्यार से मुझे मनाना तुम,

आज फिर ख्वाब में आना तुम...

 

कल जो रह गई थी बातें अधूरी ख्वाब में,

उसके आगे मुझे बताना तुम,

आज फिर ख्वाब में आना तुम...

 

 

*हेम_राज*

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