"अभी" (अभ्युध) "Abhi" (Abhyudh)
ये जो मुस्कुरा रहे हैं सभी , हां "अभी", उसकी वजह तुम हो... ये जो सबके चेहरे पर है हंसी , हां "अभी", उसकी वजह तुम हो... ये जो छत पर थाली है बजी , हां "अभी", उसकी वजह तुम हो... घर में खुशियों की महफिल है सजी , हां "अभी", उसकी वजह तुम हो... ये जो घर आंगन में छाई है खुशी , हां "अभी", उसकी वजह तुम हो... * हेम _ राज*