क्या करें..? Kya kare...

 

है सादगी ही उसका गहना,

ताम-झाम का क्या करें..?

 

उसने मान लिया रब मुझको,

चार धाम का क्या करें..?

 

सुबह, दोपहर, दिन और रात,

सब उसको अर्पण,

तो फिर इस शाम का क्या करें..?

 

जान, जानू और जाना कहकर बुलाते हो,

घरवालों ने जो रखा है,

उस नाम का क्या करें..?

 

 

*हेम_राज*

 

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